क्या सोशल मीडिया के 'साइड हसल' और पैसिव इनकम के दावे सच हैं? एक रिपोर्ट
· GlobeWire Daily Business Desk · Source: www.theguardian.com

चित्र: www.theguardian.com — Creative Commons
हाल के वर्षों में सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर 'साइड हसल' और 'पैसिव इनकम' (बिना लगातार काम किए कमाई) के वीडियो बाढ़ की तरह आए हैं। इन विज्ञापनों और रील्स में अक्सर यह दावा किया जाता है कि घर बैठे कुछ ही घंटों काम करके हजारों डॉलर कमाए जा सकते हैं। इस आर्थिक अनिश्चितता के दौर में ऐसे दावे लोगों को तेजी से आकर्षित कर रहे हैं। द गार्डियन में प्रकाशित एक रिपोर्ट के अनुसार, अक्टूबर तक इंस्टाग्राम पर #sidehustle और #passiveincome जैसे टैग के साथ करोड़ों पोस्ट मौजूद थे।
क्या हैं ये लोकप्रिय तरीके?
इन्फ्लुएंसर अक्सर ऐसे तरीकों का प्रचार करते हैं जिनमें किसी विशेष कौशल या पूर्व प्रशिक्षण की आवश्यकता नहीं बताई जाती। इनमें कैनवा (Canva) जैसे ग्राफिक डिजाइन प्लेटफॉर्म का उपयोग करके डिजिटल टेम्प्लेट (जैसे आमंत्रण पत्र, प्लानर) बनाना और उन्हें Etsy जैसे बाजारों में बेचना शामिल है। इसके अलावा, एफिलिएट मार्केटिंग भी एक प्रमुख जरिया बताया जाता है, जिसमें व्यक्तिगत लिंक के जरिए उत्पादों की बिक्री पर कमीशन मिलता है।
व्यावहारिक परीक्षण और वास्तविकता
रिपोर्ट तैयार करने के लिए जब इन तरीकों को आजमाया गया, तो कई व्यावहारिक कठिनाइयां सामने आईं:
- डिजिटल टेम्प्लेट बिक्री: एक ऑनलाइन स्टोर बनाकर जब उत्पाद बेचे गए, तो अत्यधिक प्रतिस्पर्धा और बाजार में पहले से मौजूद बेहतर विकल्पों के कारण मुनाफा नाममात्र या नकारात्मक रहा। लिस्टिंग फीस और ट्रांजैक्शन चार्ज के बाद पहले महीने में लागत निकालना भी मुश्किल साबित हुआ।
- एफिलिएट मार्केटिंग: बिना किसी पूर्व फॉलोअर बेस या ट्रैफिक स्रोत के एफिलिएट नेटवर्क से जुड़ना कठिन पाया गया। कई प्लेटफॉर्म्स पर आवेदन अस्वीकार कर दिए गए।
विशेषज्ञों की राय और एमएलएम से तुलना
विशेषज्ञों का कहना है कि हालांकि कुछ लोग इन माध्यमों से सफल होते हैं, लेकिन इसे बिना किसी मेहनत या कौशल के आसानी से मिलने वाली सफलता के रूप में पेश करना भ्रामक है। कॉर्नेल विश्वविद्यालय की संचार प्रोफेसर ब्रूक एरिन डफी के अनुसार, यह श्रम और आराम का एक ऐसा मिश्रण दिखाया जाता है जो वास्तविकता से दूर है। कुछ विश्लेषक इनकी तुलना मल्टी-लेवल मार्केटिंग (MLM) योजनाओं से करते हैं, जहां उत्पाद बेचने से ज्यादा इन्फ्लुएंसर खुद अपने कोर्स या मास्टरक्लास बेचकर कमाई करते हैं।
क्या पक्का है और क्या अनिश्चित?
- पुष्ट तथ्य: सोशल मीडिया पर 'साइड हसल' से जुड़े वीडियो और कोर्स बेचने का चलन व्यापक है। कुछ गिने-चुने लोग ही इसमें बड़ी सफलता हासिल कर पाते हैं, जिसके पीछे बाजार की समझ, किस्मत और एल्गोरिदम की बड़ी भूमिका होती है।
- अनिश्चितताएं: अधिकांश शुरुआती लोगों के लिए यह स्पष्ट नहीं होता कि अत्यधिक संतृप्त बाजार में ग्राहकों तक कैसे पहुंचा जाए।
मूल घोषणा और विस्तृत जानकारी के लिए पाठक द गार्डियन के मूल लेख का अवलोकन कर सकते हैं।
AI की सहायता से तैयार रिपोर्ट; मूल स्रोत के दावों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं की गई है।
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